Menu

Follow Us

गंगा नदी उफान के कारण हापुड़ में बाढ़ से प्रभावित खेत और परेशान किसान

गंगा नदी के उफान से हापुड़ के किसानों की मुश्किलें बढ़ीं, प्रशासन तैनात

Ashish Chouhan 6 months ago 0 10

हापुड़ (उत्तर प्रदेश): उत्तर भारत में लगातार हो रही भारी बारिश और बिजनौर बैराज से छोड़े गए पानी के कारण गंगा नदी उफान पर है। हापुड़ जिले के ब्रजघाट इलाके में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है, जिससे आस-पास के खादर क्षेत्र के गांवों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। गांव में चिंता का माहौल है और प्रशासन की ओर से निगरानी बढ़ा दी गई है।

गंगा नदी के उफान से फसलें बर्बाद, चारे की किल्लत

गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर का असर अब जमीन पर साफ दिखाई दे रहा है।  गांव लठीरा, मढ़ैया और आसपास के खेतों तक नदी का पानी पहुंच चुका है। नदी का पानी खेतों में घुस जाने से किसानों की खड़ी फसलें पूरी तरह तबाह हो गई हैं।  इससे न सिर्फ उनकी मेहनत पर पानी फिर गया, बल्कि आर्थिक नुकसान भी गहरा है।  वहीं, पशुपालन करने वाले ग्रामीणों को अब चारे की भी कमी का सामना करना पड़ रहा है। क्युकी बाढ़ के पानी से चारा भी भीग गया है या बह गया है।

बाढ़ की स्थिति पर प्रशासन अलर्ट 

गंगा नदी के बढ़ते जलस्तर और गांवों में घुसे पानी को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट हो गया है। डीएम और एसपी ने बीती रात खुद बाढ़ प्रभावित गांवों का दौरा किया और हालात का जायज़ा लिया।  प्रशासन ने बाढ़ चौकियों को एक्टिव कर दिया है और लोगों से अपील की है कि वे सतर्क रहें और अफवाहों पर ध्यान न दें। गांवों में बोट और नाविकों की तैनाती कर दी गई है। अगर जलस्तर और बढ़ा, तो तुरंत राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिया जाएगा।

ग्रामीणों को चेतावनी और सलाह

  • किसान खुद जंगल या खेतों की तरफ न जाएं
  • अपने पशुओं को भी उन इलाकों में न भेजें, जहां बाढ़ या पानी भरने का खतरा है।
  • अगर कोई आपात स्थिति हो, तो तुरंत कंट्रोल रूम या प्रशासन से संपर्क करें।

ग्रामीणों के लिए की गई खास व्यवस्थाएं

  • बाढ़ वाले इलाकों में नावों की व्यवस्था कर दी गई है।
  • हर गांव में अनुभवी नाविक मौजूद हैं।
  • जरूरतमंदों तक राशन और दवाइयां पहुंचाई जा रही हैं।
  • हर गांव में कंट्रोल रूम का संपर्क नंबर उपलब्ध है।

और ये भी पढ़े:- डिस्क प्लाऊ से किसानों को राहत, कीमत और सरकारी सब्सिडी की जानकारी

Written By

Leave a Reply

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *