Menu

Follow Us

उत्तर प्रदेश में सरकारी धान खरीद 2026 और धान की फसल के साथ किसान

यूपी में 1 नवंबर से धान खरीद शुरू, किसानों को MSP के साथ ₹20 अतिरिक्त

Sonal Shah 2 hours ago 0 0

उत्तर प्रदेश के धान किसानों के लिए एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई है। राज्य सरकार ने आगामी खरीफ विपणन सत्र के लिए धान खरीद की तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है। उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा की गई ताजा घोषणा के अनुसार, राज्य के पूर्वी जिलों और राजधानी लखनऊ समेत कई अन्य क्षेत्रों में धान की सरकारी खरीद 1 नवंबर से विधिवत रूप से शुरू कर दी जाएगी। सरकार ने इस वर्ष धान खरीद के लिए एक बड़ा लक्ष्य निर्धारित किया है, जिससे प्रदेश के लाखों किसानों को लाभ मिलने की उम्मीद है।

65 लाख मीट्रिक टन धान खरीद का रखा गया लक्ष्य

उत्तर प्रदेश सरकार ने इस खरीफ सीजन के लिए धान खरीद का एक महत्वाकांक्षी लक्ष्य तय किया है। आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इस बार प्रदेश भर से कुल 65 लाख मीट्रिक टन धान खरीदने का लक्ष्य रखा गया है। सरकार की कोशिश है कि अधिक से अधिक किसानों को न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) का लाभ मिल सके और उनकी उपज की सही कीमत सुनिश्चित की जाए। इस लक्ष्य की प्राप्ति के लिए खाद्य एवं रसद विभाग ने तैयारियां तेज कर दी हैं और क्रय केंद्रों के निर्धारण की प्रक्रिया भी सुचारू रूप से चल रही है।

MSP के साथ किसानों को मिलेंगे 20 रुपये अतिरिक्त

इस बार धान की सरकारी खरीद न केवल किसानों की उपज को सुरक्षा प्रदान करेगी, बल्कि उन्हें आर्थिक रूप से अतिरिक्त लाभ भी देगी। सरकार ने घोषणा की है कि किसानों को उनके धान पर मिलने वाले न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) के अतिरिक्त 20 रुपये प्रति क्विंटल की दर से और भुगतान किया जाएगा। यह अतिरिक्त राशि किसानों को उनकी उपज के प्रबंधन और क्रय केंद्रों तक लाने में होने वाले खर्चों में राहत देने के उद्देश्य से दी जा रही है। इससे किसानों की कुल आमदनी में वृद्धि होगी और वे अपनी फसल को बाजार के बजाय सरकारी केंद्रों पर बेचने के लिए प्रोत्साहित होंगे।

1 नवंबर से इन जिलों में शुरू होगी खरीद प्रक्रिया

उत्तर प्रदेश के भौगोलिक विस्तार को देखते हुए धान खरीद की प्रक्रिया अलग-अलग चरणों में शुरू की जाती है। ताजा आदेशों के मुताबिक, 1 नवंबर से प्रदेश के पूर्वी हिस्सों के जिलों और लखनऊ संभाग के अंतर्गत आने वाले जनपदों में खरीद शुरू होगी। सरकार का ध्यान इस बात पर है कि जैसे-जैसे फसल तैयार होकर मंडियों और केंद्रों पर पहुंचे, वैसे-वैसे खरीद की व्यवस्था दुरुस्त रहे ताकि किसानों को अपनी उपज बेचने के लिए लंबा इंतजार न करना पड़े।

किसानों की सुविधा के लिए मुख्यमंत्री के कड़े निर्देश

धान खरीद की तैयारियों की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अधिकारियों को सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट रूप से कहा है कि क्रय केंद्रों पर धान बेचने आने वाले किसी भी किसान को किसी भी प्रकार की असुविधा नहीं होनी चाहिए। अधिकारियों को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा गया है कि केंद्रों पर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध हों और धान की तौल से लेकर भुगतान तक की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी रहे।

सरकार का मुख्य उद्देश्य बिचौलियों की भूमिका को खत्म करना और सीधे किसानों के बैंक खातों में पैसा पहुंचाना है। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से यह भी कहा है कि केंद्रों पर नमी मापक यंत्र और अन्य आवश्यक उपकरण सही स्थिति में हों, ताकि तौल के समय किसानों के साथ किसी भी तरह का अन्याय न हो। प्रशासन को सतर्क रहने के लिए कहा गया है ताकि खरीद प्रक्रिया में किसी भी तरह की लापरवाही या गड़बड़ी न होने पाए।

Written By

Leave a Reply

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *